भागलपुर: वार्षिक माध्यमिक परीक्षा 2016 (मैट्रिक) की उत्तरपुस्तिका
के भागलपुर में हुए मूल्यांकन में अनियमितता व लापरवाही पकड़ में आने के
बाद शिक्षा विभाग में खलबली मच गयी है. बीएसइबी द्वारा मूल्यांकन करनेवाले
शिक्षकों की सूची मांगी गयी थी. इस पर सोमवार को जिला शिक्षा पदाधिकारी ने
सभी चार मूल्यांकन केंद्र के अधीक्षकों को शिक्षकों की सूची व मूल्यांकन से
संबंधित तमाम कागजात जमा करने का निर्देश जारी किया.
यह था मामला : वार्षिक माध्यमिक परीक्षा 2016 में सैकड़ों छात्रों का
रिजल्ट खराब हो गया था. परीक्षा के पुनरीक्षण में बिहार विद्यालय परीक्षा
समिति ने भागलपुर के चार स्कूलों के सह परीक्षक व प्रधान परीक्षक द्वारा
उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन में घोर अनियमितता व लापरवाही पकड़ी. बीएसइबी
ने जिला शिक्षा पदाधिकारी द्वारा चारों मूल्यांकन केंद्र के निदेशक को
पत्र भेज कर मूल्यांकन करनेवाले संबंधित शिक्षकों के बारे में विस्तृत
जानकारी मांगी है. जिन मूल्यांकन केंद्र को पत्र भेजा गया है, उनमें राजकीय
बालिका उच्च विद्यालय, मोक्षदा बालिका हाइस्कूल, जिला स्कूल व टीएनबी
कॉलेजिएट शामिल हैं. मूल्यांकन करनेवाले शिक्षकों के विषय, शिक्षक कोड,
शिक्षक का नाम, पद व उनसे संबंधित विपत्र उपलब्ध कराने का निर्देश बीएसइबी
के उपसचिव ने दिया है.
चैलेंज के बाद पकड़ में आया मामला
डीइओ कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार यह मामला तब पकड़ में आया,
जब राज्य भर से छात्रों ने रिजल्ट से संतुष्टि नहीं होने पर बोर्ड में
चैलेंज किया. छात्रों के आवेदन पर उत्तरपुस्तिकाओं की जांच की गयी और काफी
गड़बड़ी मिली. इसके बाद बोर्ड ने डीइओ को पत्र भेज कर उत्तरपुस्तिका
मूल्यांकन से संबंधित कागजात और मूल्यांकन करनेवाले शिक्षकों की सूची तलब
की.