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मैट्रिक व इंटर परीक्षा में परीक्षा कार्य से वंचित रखने पर शिक्षकों में आक्रोश

जमुई। मैट्रिक व इंटर की परीक्षा में विगत तीन वर्षों से वीक्षक व केन्द्राधीक्षक नहीं बनाने जाने को लेकर एकलव्य कॉलेज के शिक्षक व प्राचार्य में आक्रोश है।
एकलव्य कॉलेज के प्राचार्य प्रो. रामानंद प्र. भगत ने विज्ञप्ति जारी कर बताया कि यह महाविद्यालय इंटर शिक्षा परिषद द्वारा प्रस्वीकृत एवं तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय, भागलपुर द्वारा संबद्धता प्राप्त है। विगत कई वर्षों से इस महाविद्यालय को मैट्रिक व इंटर परीक्षा का केन्द्र बनाया जा रहा है परंतु वर्ष 2016, 2017 एवं 2018 से यहां के शिक्षक को परीक्षा कार्य से वंचित रखा जाता है। प्राचार्य को भी केन्द्राधीक्षक नहीं बनाया जाता है। उन्होंने बताया कि विद्यालय की आधारभूत संरचना अन्य सरकारी विद्यालयों की अपेक्षा काफी सुदृढ़ व संतोषजनक है। बिहार लोक सेवा आयोग, कर्मचारी चयन आयोग, सिपाही भर्ती परीक्षा, शिक्षक पात्रता परीक्षा, विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित स्नातक की परीक्षा एवं अन्य प्रतियोगिता परीक्षाएं हेतु हम लोगों को केन्द्राधीक्षक व वीक्षक बनाया जाता है। लेकिन, मैट्रिक व इंटर की परीक्षा से हमें अलग कर दिया जाता है, जबकि बिहार के अन्य जिले में वित्त रहित अनुदानित महाविद्यालयों के शिक्षकों को केन्द्राधीक्षक व वीक्षक का कार्य दिया जाता है। उन्होंने कहा कि इस कारण एकलव्य कॉलेज के शिक्षकों व प्राचार्य में आक्रोश व्याप्त है।

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