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बिहार में शिक्षकों के लिए AI और साइबर सुरक्षा प्रशिक्षण अनिवार्य: शिक्षा में डिजिटल क्रांति

बिहार सरकार ने शिक्षा व्यवस्था को भविष्य के अनुरूप बनाने की दिशा में एक बड़ा और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। अब राज्य के सभी सरकारी स्कूल शिक्षकों के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और साइबर सुरक्षा का प्रशिक्षण अनिवार्य कर दिया गया है। इस फैसले से न केवल शिक्षक बल्कि छात्र भी डिजिटल रूप से अधिक सुरक्षित और दक्ष बनेंगे।

बिहार के शिक्षकों को क्यों मिलेगा AI और साइबर सुरक्षा प्रशिक्षण?

आज का युग डिजिटल तकनीक का युग है। ऑनलाइन पढ़ाई, डिजिटल कंटेंट, मोबाइल ऐप और इंटरनेट के बढ़ते उपयोग के साथ साइबर अपराध और डेटा चोरी जैसी समस्याएँ भी तेजी से बढ़ी हैं। ऐसे में शिक्षकों का तकनीकी रूप से सक्षम होना बेहद जरूरी हो गया है।

इस प्रशिक्षण का उद्देश्य शिक्षकों को:

  • आधुनिक तकनीकों से परिचित कराना

  • AI के शैक्षणिक उपयोग को समझाना

  • साइबर ठगी और ऑनलाइन फ्रॉड से बचाव सिखाना

  • छात्रों को डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक बनाना

कितने शिक्षकों को मिलेगा प्रशिक्षण?

इस योजना के तहत बिहार के लगभग 5.87 लाख शिक्षक शामिल होंगे, जिनमें:

  • प्राथमिक शिक्षक

  • माध्यमिक शिक्षक

  • उच्च माध्यमिक शिक्षक

सभी शिक्षकों को यह प्रशिक्षण प्रोजेक्ट-आधारित तरीके से दिया जाएगा ताकि वे सीखी गई जानकारी को सीधे कक्षा में लागू कर सकें।

प्रशिक्षण की मुख्य विशेषताएँ

🔹 साल में दो बार प्रशिक्षण

हर शिक्षक को साल में दो बार, प्रत्येक 50-50 घंटे का प्रशिक्षण लेना होगा।

🔹 ऑनलाइन माध्यम से पढ़ाई

यह प्रशिक्षण पूरी तरह ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए दिया जाएगा, जिससे शिक्षक अपने समय अनुसार इसे पूरा कर सकेंगे।

🔹 डिजिटल सर्टिफिकेट

प्रशिक्षण पूरा करने के बाद शिक्षकों को डिजिटल प्रमाण पत्र भी दिया जाएगा।

AI और साइबर सुरक्षा में क्या-क्या सिखाया जाएगा?

इस विशेष प्रशिक्षण में कई आधुनिक और उपयोगी विषय शामिल किए गए हैं, जैसे:

  • आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का शिक्षा में उपयोग

  • साइबर अपराध की पहचान और बचाव

  • मजबूत पासवर्ड और डेटा सुरक्षा

  • ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के उपाय

  • डिजिटल नागरिकता (Digital Citizenship)

  • रोबोटिक्स और ड्रोन जैसी नई तकनीकें

छात्रों को क्या होगा फायदा?

जब शिक्षक तकनीकी रूप से सक्षम होंगे, तो इसका सीधा लाभ छात्रों को मिलेगा:

  • छात्रों में डिजिटल साक्षरता बढ़ेगी

  • साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता आएगी

  • AI जैसी नई तकनीकों में रुचि बढ़ेगी

  • भविष्य के करियर के लिए बेहतर तैयारी होगी

राष्ट्रीय शिक्षा नीति से जुड़ा कदम

यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप है, जिसमें तकनीकी शिक्षा, डिजिटल स्किल्स और नवाचार पर विशेष जोर दिया गया है। बिहार सरकार का यह कदम राज्य को डिजिटल शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी बनाने में मदद करेगा।

निष्कर्ष

बिहार में शिक्षकों के लिए AI और साइबर सुरक्षा प्रशिक्षण अनिवार्य करना एक दूरदर्शी फैसला है। इससे न केवल शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर होगी, बल्कि शिक्षक और छात्र दोनों डिजिटल दुनिया में सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनेंगे। आने वाले समय में यह पहल बिहार की शिक्षा प्रणाली को एक नई पहचान दे सकती है।

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