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शिक्षक नियोजन में अनदेखी किए जाने से आक्रोशित एनआईओेएस डीएलएड शिक्षक अब कोर्ट में बिहार सरकार और एनआईओएस के खिलाफ जनहित याचिका दायर करेंगे

शिक्षक नियोजन में अनदेखी किए जाने से आक्रोशित एनआईओेएस डीएलएड शिक्षक अब कोर्ट में बिहार सरकार और एनआईओएस के खिलाफ जनहित याचिका दायर करेंगे।
यह फैसला रविवार को भगवानपुर में बैठक आयोजित कर लिया गया। शिक्षकों ने कहा, राज्य में 18 सितंबर से नियोजन की प्रक्रिया हो रही है। दूसरी ओर इसमें एनआईओएस से प्रशिक्षण हासिल कर चुके शिक्षकों को सीधे रोक दिया गया है। यह अन्याय है। सरकार कोर्स को 18 महीने का बताकर प्रचारित कर रही है, जबकि हकीकत है कि यह कोर्स दो वर्षों का है। शिक्षकों ने कहा है कि एक अगस्त 2017 को तत्कालीन केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर और एनआईओएस अध्यक्ष की ओर से कहा गया था कि डीएलएड करने वाले प्रशिक्षित माने जाएंगे। दो वर्ष की पूरी फीस भरी गई और चार सेमेस्टरों में परीक्षा भी दी गई। अब नियोजन में खारिज करना अन्याय है। एमपीएस साइंस कॉलेज में रविवार को बैठक कर टीएसएस मूल की प्रदेश टीम व प्रदेश अध्यक्ष अमरदीप डिसूजा की अध्यक्षता में बैठक का आयोजन किया गया। इसमें जिले में टीईटी शिक्षकों की समस्याओं पर चर्चा की गई। वहीं आम सहमति से जिला कमेटी का लोकतांत्रिक रूप से गठन किया गया है। यह जानकारी संजीव कुमार गौतम ने दी।

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